टिमरनी-
भारतीय किसान संघ टिमरनी द्वारा किसानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर महामहिम राष्ट्रपति एवं मुख्यमंत्री के नाम तहसीलदार रितु भार्गव को ज्ञापन सौंपा। जिसमे कहा गया कि सहकारी समितियों द्वारा समर्थन मूल्य पर होने वाली खरीदी को बड़े इलेक्ट्रॉनिक कांटों से तुलाई सुनिश्चित की जावे।वर्ष 2020 की बीमा राशि एवं मुआवजा राशि की तीसरी किस्त शीघ्र किसानों के खाते में डाली जावे,किसानों को 12 घंटे निरंतर विद्युत सप्लाई दी जावे।चना पंजीयन एवं गेहूं पंजीयन 1 फरवरी 2022 से प्रारम्भ किया जावे एवं चने की सरकारी खरीदी 12 क्विंटल प्रति एकड़ की दर से सुनिश्चित की जावे। ग्रीष्मकालीन मूंग फसल हेतु जिले की समस्त नहरों में पानी उपलब्ध कराया जावे,तवा बांयी तट मुख्य नहर एवं इनसे संबंधित शाखा नहर, उप नहर एवं माइनर के सीआरएचआर फ्ल्यूम पर सभी जगह एफएसएल लेवल विशेष रूप से प्रदर्शित किये जावे तथा सबंधित नहर का नाम, डिजाईन गेज एवं कमांड क्षेत्र अंकित किये जावेl इस वर्ष 70 से 80 % तक चना बोया गया है जिसमें सिंचाई पूर्ण हो चुकी है अब मात्र 30% गेहूं रकवा अनुसार पानी चला कर तवा डैम का अमृततुल्य जल बचाया जावे।टिमरनी कृषि उपज मंडी में 10 कुंटल से कम माल व्यापारी किसानों का बड़े इलेक्ट्रॉनिक तोल कांटे से नहीं तोलते हैं, एक कुंटल भी है तो उसकी तुलाई बड़े इलेक्ट्रॉनिक तोल कांटे से की जावे एवं एक कुंटल से कम उपज की भी खरीदी की जावे।तहसील के खेतों के पहुंच मार्गो (गोहों) की नपाई कर अतिक्रमण हटाया जावे एवं खेत सड़क योजना से जोड़ा जावे।आपसी सहमति से पारिवारिक बटवारा एवं नामांतरण में किसी भी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जावे शपथ पत्र को आधार माना जावे।समर्थन मूल्य की धान खरीदी पर किसानों से अवैध रूप से वसूली की जा रही है जबकि वसूली की अंतिम तारीख 28 फरवरी से 15 मार्च है।मुख्यमंत्री द्वारा 3-4 वर्ष पहले घोषित सोयाबीन की भावान्तर राशि 500 रूपये कुंटल किसानो के खाते मे तुरंत डाली जावे आदि माग की गई।इस दौरान नरेंद्र दोगने प्रांतीय उपाध्यक्ष,विनोद पाटिल सम्भागीय मंत्री,विजय मालगाया जिला मंत्री,श्याम पाटिल दीपचंद नाबाद,रेवाशंकर दोगने, तहसील अध्यक्ष रामकृष्ण राजपूत, राजेश डूडी ,बलवीर राजपूत,भगवान सिंह आदि किसान उपस्थित रहें।