लेडी आफीसर्स कराएंगी मतगणना
पिछले विधानसभा के दौरान ऑल विमेन मैनेज्ड पोलिंग स्टेशन की सफलता के मद्देनजर इस बार जिले में इस तरह के 60 से पोलिंग स्टेशन बनाने की योजना है। जिसकी समूची कमान मतदान दल में तैनात लेडी ऑफिसर्स के हाथ में रहेगी। इसके अलावा मतगणना में भी लेडी ऑफिसर्स तैनात किए जाएंगे। पिछले अनुभव को देखते हुए हमारा आप सब पर भरोसा और अधिक सुदृढ़ हुआ है,इसलिए मतगणना में लेडी आफीसर्स को लगाया जा रहा है।
कलेक्टर श्री एस. विश्वनाथन कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में लोकसभा निर्वाचन 2019 के अंतर्गत जिले की महिला राजपत्रित अधिकारियों की बैठक में बोल रहे थे। श्री विश्वनाथन ने सभी महिला अधिकारियों को अवगत कराया कि जिले में 6 मई को निर्वाचन होना है तथा 23 मई को मतगणना की जाएगी। उन्होने बताया कि इस बार हम मतगणना कार्य में केवल महिला अधिकारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति की जावेगी। उन्होने बताया कि आपकी जितनी मेहनत प्रिसाईडिंग आफीसर में लगेगी उससे कम मेहनत मतगणना में लगेगी। पोलिंग में तो बहुत से डिसीजन इन्डीपेन्डेन्टली लेना होता है। आपके साथ तहसीलदार, सेक्टर अधिकारी होते है। किन्तु काउटिंग के समय पर सारा प्रशासनिक अमला आपके साथ होता है। इवीएम के इंजीनियर्स भी आपके साथ होते है।
कलेक्टर श्री एस. विश्वनाथन कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में लोकसभा निर्वाचन 2019 के अंतर्गत जिले की महिला राजपत्रित अधिकारियों की बैठक में बोल रहे थे। श्री विश्वनाथन ने सभी महिला अधिकारियों को अवगत कराया कि जिले में 6 मई को निर्वाचन होना है तथा 23 मई को मतगणना की जाएगी। उन्होने बताया कि इस बार हम मतगणना कार्य में केवल महिला अधिकारियों एवं कर्मचारियों की नियुक्ति की जावेगी। उन्होने बताया कि आपकी जितनी मेहनत प्रिसाईडिंग आफीसर में लगेगी उससे कम मेहनत मतगणना में लगेगी। पोलिंग में तो बहुत से डिसीजन इन्डीपेन्डेन्टली लेना होता है। आपके साथ तहसीलदार, सेक्टर अधिकारी होते है। किन्तु काउटिंग के समय पर सारा प्रशासनिक अमला आपके साथ होता है। इवीएम के इंजीनियर्स भी आपके साथ होते है।
बैठक में अपर कलेक्टर श्रीमती प्रियंका गोयल ने बताया कि पिछली बार विधानसभा निर्वाचन के दौरान जिले में पहली बार 40 आॅल वुमन मेनेज बूथ तैयार किये गये थे। जिनका महिलाओं द्वारा सफलतापूर्वक संचालन किया गया। इनकी सफलताओं को ध्यान में रखते हुए इस बार 60 मतदान केन्द्रों को आॅल वुमन मेनेज बूथ के रूप में तैयार किया जा रहा है। उन्होने बताया कि मतगणना के दौरान मास्टर ट्रेनर्स की भी ड्यूटी लगाई जावेगी ताकि किसी भी प्रकार समस्या न हो। उन्होने बताया कि इस बार पूर्व में आई समस्या को ध्यान में रखते हुए महिलाओं हेतु सामग्री लेने एवं जमा करने के लिये अलग काउन्टर स्थापित किये जाएंगे।बैठक में डिप्टी कलेक्टर सुश्री अंकिता त्रिपाठी ने अपने पूर्व निर्वाचन के अनुभव को साझा करते हुए बताया कि मैने पहली बार मतगणना देखी थी। मतगणना हेतु केवल एक ही दिन ट्रेनिंग पर्याप्त होती है। यह कार्य मतदान कराने से ज्यादा सरल है।
